आखिरकार वह पल आ ही गया है, जिसका कांग्रेस कार्यकर्ताओं को पिछले काफी अरसे से इंतज़ार था. राहुल गांधी ने सोमवार सुबह पार्टी अध्यक्ष पद के लिए नामांकन भर दिया है. इस दौरान उनके साथ पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह, दिल्ली की पूर्व सीएम शीला दीक्षित, ज्योतिरादित्य सिंधिया समेत कई कांग्रेस नेता मौजूद रहे. अध्यक्ष पद के लिए कुल 90 प्रस्ताव दाखिल होंगे, हर प्रस्ताव में 10-10 प्रस्तावक होंगे.

राहुल की अगुवाई में बढ़ेंगे आगे
पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने राहुल गांधी को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि हमने नॉमिनेशन फाइल कर दिया है, लोगों की सेवा करने की ओर एक और कदम है. उन्होंने कहा कि सोनिया गांधी ने अध्यक्ष पद की भूमिका शानदार तरीके से निभाई है, अब राहुल भी उसी को आगे बढ़ाएंगे. राहुल के नेतृत्व में कांग्रेस आगे बढ़ेगी.

राहुल के साथ है पार्टी
कांग्रेस नेता आनंद शर्मा ने कहा कि सर्वसम्मति से राहुल को अध्यक्ष बनाने के प्रस्ताव पास हुए हैं. कांग्रेस हमेशा सोच समझकर निर्णय करती है. उन्होंने कहा कि ये फैसला हमने चार साल पहले ही कर लिया था, जब जयपुर में उन्हें उपाध्यक्ष चुना गया था. कांग्रेस एकजुट होकर राहुल गांधी के साथ खड़ी है.

BJP का अध्यक्ष RSS तय करता है: गहलोत
कांग्रेस नेता अशोक गहलोत ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी को जवाब देना चाहिए कि क्या उनकी पार्टी में लोकतंत्र है. सोनिया जी ने ही पहले प्रस्ताव पर साइन किए हैं. उन्होंने कहा कि सभी को गुजरात चुनाव के नतीजों का इंतजार करना चाहिए, पीएम की रैलियों में कुर्सियां खाली हैं. बीजेपी का तो अध्यक्ष भी आरएसएस तय करता है.

पहले सेट के लिए ये बने प्रस्तावक
राहुल गांधी के लिए पहले सेट के लिए कांग्रेस नेता अहमद पटेल, पुडुचेरी नारायण सामी, पूर्व दिल्ली सीएम शीला दीक्षित, मोतीलाल वोरा, कमलनाथ, मोहसिना किदवई, तरुण गोगोई और अशोक गहलोत प्रस्तावक बने.

सोनिया-मनमोहन-प्रणब से मुलाकात
नामांकन करने से पहले राहुल ने अपनी मां सोनिया गांधी, पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह और पूर्व राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी से मुलाकात की. गुजरात विधानसभा में कांग्रेस की वापसी की राह देख रहे कार्यकर्ताओं में वोटिंग से ठीक पहले नया जोश भर सकता है. पूर्व राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी ने राहुल को तिलक भी लगाया.
यह लगभग दो दशक बाद है, जब कांग्रेस पार्टी को उसका नया पार्टी अध्यक्ष बनेगा. मौजूदा अध्यक्ष सोनिया गांधी 1998 से पार्टी की कमान संभाल रही हैं.
पार्टी के केंद्रीय चुनाव प्राधिकार अध्यक्ष मुल्लापल्ली रामचंद्रन के अनुसार किसी अन्य ने अभी तक पर्चा दाखिल नहीं किया है. चुनाव मैदान में राहुल गांधी के एकमात्र उम्मीदवार रहने की संभावना है और कांग्रेस अध्यक्ष के रूप में उनके चुनाव के लिए सभी रास्ते खुल गए हैं.
इस मौके पर पार्टी दफ्तर पर कांग्रेस के आला नेताओं का जमावड़ा लगा रहा. पंजाब के मुख्यमंत्री अमरिंदर सिंह, राजीव शुक्ला, कर्ण सिंह समेत पार्टी का लगभग हर बड़ा नेता वहां मौजूद रहा.

शहजाद ने उठाए थे सवाल, मोदी ने की तारीफ
आपको बता दें कि अध्यक्ष पद चुनाव से ठीक पहले राहुल गांधी के रिश्तेदार शहजाद पूनावाला ने चुनाव प्रक्रिया पर सवाल उठाए थे. उन्होंने कहा था कि यह इलेक्शन नहीं सिलेक्शन है. जिसके बाद उनके ही भाई तहसीन पूनावाला ने उनसे संबंध तोड़ दिए थे, कांग्रेस नेताओं ने भी इस बयान को ज्यादा तवज्जों ना देने की बात कही थी. हालांकि, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को गुजरात में एक रैली के दौरान शहजाद की तारीफ की थी.

गुजरात चुनाव में दम दिखा रहे हैं राहुल
गौरतलब है कि कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी नामांकन भरने करने के बाद फिर से पार्टी के लिए प्रचार करने गुजरात जाएंगे. राहुल 5 और 6 दिसंबर को कच्छ, मोरबी और सुरेंद्र नगर का दौरा करेंगे. गुजरात विधानसभा चुनाव के चलते राहुल लगभर पूरे राज्य में चुनावी रैलियां, रोड शो और नुक्कड़ सभाएं कर चुके हैं.