teeth sensitivity

दांतों का स्‍वस्‍थ रहना एक अच्‍छी मुस्‍कान के लिए जरूरी है, लेकिन इससे भी ज्‍यादा जरूरी है हमारा स्‍वास्‍थ्‍य। अगर आपके दांत मजबूत और हेल्‍दी हैं तो ये मुस्‍कान सदा बनी रहेगी। लेकिन कभी-कभी कई वजहों से दांतों में दर्द और झनझनाहट जैसी समस्‍या होने लगती है। कुछ विशिष्ट खाद्य पदार्थ हैं जो बहुत गर्म या ठंडे हैं, उनके संपर्क में आने पर दांतों में एक दर्दनाक दर्द या झुनझुनी और सुन्नता हो सकती है। यह बहुत जरूरी है कि आप दांतों में झुनझुनी के कारणों का पता लगाएं। और उसका समाधान पाएं।

दांतों में झनझनाहट के कारण
दांतों में झनझनाहट पल्पिपिटिस का संकेत है। इस स्थिति में आपके दांत के तंत्रिका और रक्त वाहिका हिस्से की सूजन या दंत पल्प शामिल है। जब इफ्लेम्ड ब्लड वेसेल को पल्प में तंत्रिकाओं पर दबाया जाता है, झुनझुनी या दर्द आपके दांत में हो सकता है। दांतों में झनझनाहट का मुख्‍य कारण है, दांतों के कैविटी, दांतों या मसूड़ों का आघात, प्रभावित दांत, जबड़ा से संदर्भित दर्द, पल्पिपिटिस आदि।

दांतों में झनझनाहट के उपचार

  • सरसों का तेल, भारतीय रसोई में प्रयोग किया जाने वाला एक तेल है, जो स्वास्थ्य लाभ के साथ-साथ बाल विकास बढ़ावा देने में बहुत ही मदद करता है। दांतों में झुनझुनी दूर करने के लिए एक चम्मच सरसों के तेल में एक छोटा चम्मच सेंधा नमक मिलाएं और इससे मसूढ़ों की हल्की मसाज करें। 5 मिनट के बाद गुनगुने पानी से अच्छी तरह कुल्ला कर लें जिससे दांतों में झुनझुनी लगना बंद हो जाएगा।
  • दांतों में झुनझुनी के लिए आप एक चम्मच तिल का तेल, एक चम्मच नारियल तेल और एक चम्मच सरसों का तेल लेकर अच्छी तरह मिलाएं। अब इस तेल से दांतों और मसूढ़ों की अच्छी तरह मालिश करें। दिन में 2-3 बार ऐसा करने से झनझनाहट दूर होगी।
  • दांतों की झनझनाहट को ठीक करने के लिए काले तिल भी गुणकारी होते हैं। काले तिल के बीज में अन्य किस्मों की तुलना में अधिक तीव्र स्वाद और सुगंध है। इसके लिए दिन में 2 बार 1-1 चम्मच काले तिल को अच्छी तरह चबाएं।
  • आप अपने डाइट में कैल्शियम और विटामिन डी वाले खाद्य पदार्थ जैसे दूध, पनीर, दही, अंडे और मछली को शामिल करें। इसके अलावा आप नींबू, संतरे, इमली आदि जैसे अम्लीय खाद्य पदार्थों का परहेज कीजिए।

दांतों की देखभाल कैसे करें

  • दिन में कम से कम दो बार ब्रश करें। इसके अलावा दांतों को ब्रश करने का सबसे अच्छा समय भोजन के बाद होता है।
  • फ्लोराइड युक्त टूथपेस्ट का उपयोग करें। फ्लोराइड दांत एनामेल को हार्ड करने में मदद करता है और आपके सड़न के जोखिम को कम करता है।
  • टूथ ब्रशिंग दो और तीन मिनट के बीच करना चाहिए। टूथ ब्रशिंग के अलावा आप फ्लोसिंग करना न भूलें।
  • अगर आपको दांत की समस्या है जैसे दांत दर्द या मसूड़ों से खून आना आदि तो आपको अपने दंत चिकित्सक से नियमित रूप से मिलना चाहिए।